(हिमांशू बियानी/जिला ब्यूरो)
अनूपपुर (अंंचलधारा) जिले में लगातार सर्पदंश की घटनाओं के कारण मौत की खबरें समाचार की सुर्खियां बनी रहती हैं, जनजाति बाहुल्य जिले में सर्वाधिक घटनाएं पुष्पराजगढ़ विकासखंड में देखने को मिलती हैं।सर्पदंश से होने वाली ज्यादातर घटनाओं में अंधविश्वास,झाड़-फूंक तथा जागरूकता की कमी देखी गई है।आशा कार्यकर्ता समुदाय के बीच में कार्य करने वाली प्रथम तथा सबसे महत्वपूर्ण इकाई है।शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन से लेकर महामारी से निपटने तक में आशा कार्यकर्ताओं की भूमिका अहम रही है,इसी को ध्यान में रखते हुए जन स्वास्थ्य सहयोग गनियारी संस्था द्वारा पुष्पराजगढ़ पोषण एवं स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत करपा तथा टिटहि जैतहरी सेक्टर के आशा कार्यकर्ताओं का दो दिवसीय रिफ्रेशर प्रशिक्षण शुरू किया गया है।प्रशिक्षण के प्रथम चरण में कुल 23 गांव की आशा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया गया जिसका सामुदायिक प्रशिक्षण केंद्र कृपा में आयोजन किया गया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में आशा कार्यकर्ताओं को विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रम और कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान किया गया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में आशा कार्यकर्ताओं को विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रम और कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान किया गया।
आशा कार्यकर्ता स्वास्थ्य
सेवा की महत्वपूर्ण कड़ी
सेवा की महत्वपूर्ण कड़ी
स्वास्थ्य कार्यक्रम समन्वयक विनय कुमार विश्वकर्मा ने बताया की स्वास्थ्य सेवा प्रदाता के रूप में आशा कार्यकर्ता एक महत्वपूर्ण कड़ी है,इसे ध्यान में रखते हुए आशाओं को तकनीकी और व्यावहारिक ज्ञान को बढ़ाने और उनको समुदायिक स्वास्थ्य पर कार्य को मजबूत बनाने के उद्देश्य यह प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया है।जिसमें आशा कार्यकर्ताओं को दस्त प्रबंधन, ग्राम आरोग्य केंद्र के उद्देश्य,उपकरण एवं दवाई का उपयोग,आशा का दस्तावेजीकरण, रोगग्रस्त शिशु का मूल्यांकन तथा सर्पदंश आदि विषयों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
सर्पदंश जागरूकता से
बचाई जा सकती है जान
बचाई जा सकती है जान
कार्यक्रम में उपस्थित प्रणाम नर्मदा युवा संघ के अध्यक्ष विकास चंदेल ने बताया की सर्पदंश की घटनाओं को जनसामान्य में जागरूकता लाकर कम किया जा सकता है। सर्पदंश के दौरान प्राथमिक उपचार के वैज्ञानिक तरीके को अपनाकर तथा झाड़-फूंक गुनिया ओझा के स्थान पर निकट शासकीय अस्पताल में जाकर तत्काल इलाज करने से मरीज की जान बचाई जा सकती है।इनके द्वारा सांपों से संबंधित अंधविश्वास व भ्रांति की सच्चाई को उजागर किया गया,साथ ही सर्प घर में ना आए,सर्पदंश की घटनाएं ना हो इसके लिए किस तरह के उपाय करने चाहिए,इसका विधिवत जानकारी प्रदान किया गया।
सर्प एवं सर्पदंश की
पहचान आवश्यक
पहचान आवश्यक
कार्यक्रम में उपस्थित सर्प प्रहरी हरीश कुमार धुर्वे ने बताया की सर्प की पहचान होने तथा सर्प द्वारा काटे गए स्थान को देखकर यदि यह पता लगा लिया जाए कि विषैले सांप ने काटा है या विषहीन साँप ने, ऐसी स्थिति में रोगी की जान बचाना आसान हो जाता है।
इस कार्यक्रम में आशा कार्यकर्ताओं को ग्रामीणों की जान बचाने हेतु सर्पदंश के प्राथमिक उपचार, सर्पों की पहचान, सर्पदंश की पहचान, सर्पदंश से बचने के उपाय अंधविश्वास व भ्रांतियों की सच्चाई आदि के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान किया गया।
इस कार्यक्रम के आयोजन में समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र करपा के चिकित्सा अधिकारी डॉ.शक्ति द्विवेदी का बहुमूल्य योगदान रहा,साथ ही डॉ.पंकज द्वारा तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान किया गया।कार्यक्रम के आयोजन में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर एस.सी.राय, चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एस.के.सिंह, जिला प्रबंधक नेहा स्वामी ब्लॉक प्रबंधक आनंद सोनी द्वारा सहयोग प्रदान किया गया।कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर पवन सिंह,शिवकांत त्रिपाठी जनजाति विश्वविद्यालय अमरकंटक के समाज कार्य विभाग के छात्र बिज्जू चंद्रा, हरीश धुर्वे, अर्जुन तथा आशा कार्यकर्ता व आशा सहयोगिनी उपस्थित रहे।
इस कार्यक्रम में आशा कार्यकर्ताओं को ग्रामीणों की जान बचाने हेतु सर्पदंश के प्राथमिक उपचार, सर्पों की पहचान, सर्पदंश की पहचान, सर्पदंश से बचने के उपाय अंधविश्वास व भ्रांतियों की सच्चाई आदि के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान किया गया।
इस कार्यक्रम के आयोजन में समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र करपा के चिकित्सा अधिकारी डॉ.शक्ति द्विवेदी का बहुमूल्य योगदान रहा,साथ ही डॉ.पंकज द्वारा तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान किया गया।कार्यक्रम के आयोजन में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर एस.सी.राय, चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एस.के.सिंह, जिला प्रबंधक नेहा स्वामी ब्लॉक प्रबंधक आनंद सोनी द्वारा सहयोग प्रदान किया गया।कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर पवन सिंह,शिवकांत त्रिपाठी जनजाति विश्वविद्यालय अमरकंटक के समाज कार्य विभाग के छात्र बिज्जू चंद्रा, हरीश धुर्वे, अर्जुन तथा आशा कार्यकर्ता व आशा सहयोगिनी उपस्थित रहे।

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