(हिमांशू बियानी/जिला ब्यूरो)
अनूपपुर (अंंचलधारा) नेशनल हेराल्ड मामले में राहुल गांधी जी से ईडी द्वारा बेबुनियाद आरोपों में की जा रही लगातार पूछताछ के संबंध में जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष फुन्देलाल सिंह मार्को के दिशा निर्देशन में जिला युवक कांग्रेस के अध्यक्ष श्याम कुमार गुड्डू चौहान ने प्रदेश के राज्यपाल के नाम ज्ञापन कलेक्टर अनूपपुर को सौंपा जिसमें लेख किया गया है कि हमारे नेता राहुल गांधी जी पर दबाव बनाने के लिये केन्द्र की भाजपा सरकार के इशारे पर लगातार ईडी द्वारा पूछताछ की जा रही है। जिसके विरोध में माननीय विधायक पुष्पराजगढ़ व जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष फुन्देलाल सिंह जी के निर्देश पर युवा कांग्रेस अनूपपुर द्वारा एक ज्ञापन सौंपा जा रहा है जिसके बिन्दु निम्नानुसार है -मोदी सरकार द्वारा नेशनल हेराल्ड कांग्रेस द्वारा 2000 करोड़ रूपये का घोटाला है का झूठा आरोप लगाया है जबकि सच यह है कि कांग्रेश या उसके नेताओं के खाते में 2 रूपये भी नही गये। नेशनल हेराल्ड की और सारी संपत्ति एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड की अनन्य संपत्ति बनी रहेगी। जिसमें घोटाले का सवाल ही पैदा नही होता झूठ फैलाने वालों का झूठ भी 2 रूपये के लायक नही है।
यह कि मोदी सरकार द्वारा मनी लॉड्रिंग घोटाला करने के लिये कांग्रेस ने बनाया था यंग इंडियन का आरोप लगाया है जबकि सच यह है कि "यंग इंडियन" को नेशनल हेराल्ड का उसके वित्तीय संकट से उबारने में मदद करने के लिये बनाया गया था। यंग इंडियन एक सेक्शन - 25 'नॉट-फॉर प्रॉफिट' कंपनी है। एक भी रूपया नही लिया गया और एक भी रूपया गांधी परिवार और कांग्रेस पार्टी के निजी खातों में नहीं गया । यंग इंडियन नॉट-फॉर प्रॉफिट कंपनी है, इसने नेशनल हेराल्ड को बचाने में मदद की।ये कि मोदी सरकार द्वारा कांग्रेस पार्टी ने नेशनल हेराल्ड को 90 करोड़ का कर्ज मनी लॉड्रिंग की मंशा से दिया का आरोप लगाया है जबकि सच यह है कि कांग्रेस ने 2002 से 2011 के बीच लगभग 100 किश्तों में 90 करोड़ का कर्ज मुख्य रूप से पत्रकारों और वीआरएस के वेतन का भुगतान करने के लिये दिया
था। क्या अपने ही अखबार की मदद करना अपराध है !
यह कि मोदी सरकार द्वारा 50 लाख रूपये देकर कांग्रेस ने 2000 करोड़ रूपये की संपत्ति पर कब्जा किया का अरोप लगाया है जबकि सच यह है कि नेशनल हेराल्ड की सारी आय और संपत्ति ए जे एल की विशिष्ट संपत्ति बनी हुई है सारे कागजात चुनाव आयोग को सौंप दिये गये हैं और चल-अचल किसी भी प्रकार की संपत्ति ट्रांसफर नही की गई है। यंग इंडियन ने एजेएल से एक रूपया भी नहीं निकाला । श्री राहुल गांधी जी एवं श्रीमती सोनिया गांधी जी को एक रूपये का भी फायदा नही हुआ है, उन्हें राजनीतिक प्रतिशोध के चलते प्रताड़ित किया जा रहा है।यह कि जांच एजेंसी ईडी द्वारा ऐसे मामले में पूछताछ की जा रही है जिसकी कोई एफ आई आर भी नही है, जिसे जांच के बाद स्वयं मोदी सरकार ने तथ्यों के आभाव में समाप्त कर दिया था, लेकिन फिर भी पिछले दो दिनों से राहुल गांधी जी से लगातार पूछताछ की जा रही है।
अतः महामहिम जी से अनुरोध है कि उक्त सभी अरोप बेबुनियाद होने के बाद भी हमारे नेता राहुल गांधी जी पर दबाव बनाने, उनकी छवि धूमिल करने व राजनीतिक प्रतिशोध के कारण, बदले की भावना से केन्द्र की मोदी सरकार के इशारे पर जांच एजेंसी ईडी द्वारा लगातार की जा रही पूछताछ पर रोक लगायी जाय, और यदि ऐसा नही किया गया तो युवा कांग्रेस अनूपपुर, अपने नेता के सम्मान में उग्र आंदोलन करने के लिये बाध्य होगा, जिसकी सम्मपूर्ण जवाबदेही शासन प्रशासन की होगी।
यह कि मोदी सरकार द्वारा मनी लॉड्रिंग घोटाला करने के लिये कांग्रेस ने बनाया था यंग इंडियन का आरोप लगाया है जबकि सच यह है कि "यंग इंडियन" को नेशनल हेराल्ड का उसके वित्तीय संकट से उबारने में मदद करने के लिये बनाया गया था। यंग इंडियन एक सेक्शन - 25 'नॉट-फॉर प्रॉफिट' कंपनी है। एक भी रूपया नही लिया गया और एक भी रूपया गांधी परिवार और कांग्रेस पार्टी के निजी खातों में नहीं गया । यंग इंडियन नॉट-फॉर प्रॉफिट कंपनी है, इसने नेशनल हेराल्ड को बचाने में मदद की।ये कि मोदी सरकार द्वारा कांग्रेस पार्टी ने नेशनल हेराल्ड को 90 करोड़ का कर्ज मनी लॉड्रिंग की मंशा से दिया का आरोप लगाया है जबकि सच यह है कि कांग्रेस ने 2002 से 2011 के बीच लगभग 100 किश्तों में 90 करोड़ का कर्ज मुख्य रूप से पत्रकारों और वीआरएस के वेतन का भुगतान करने के लिये दिया
था। क्या अपने ही अखबार की मदद करना अपराध है !
यह कि मोदी सरकार द्वारा 50 लाख रूपये देकर कांग्रेस ने 2000 करोड़ रूपये की संपत्ति पर कब्जा किया का अरोप लगाया है जबकि सच यह है कि नेशनल हेराल्ड की सारी आय और संपत्ति ए जे एल की विशिष्ट संपत्ति बनी हुई है सारे कागजात चुनाव आयोग को सौंप दिये गये हैं और चल-अचल किसी भी प्रकार की संपत्ति ट्रांसफर नही की गई है। यंग इंडियन ने एजेएल से एक रूपया भी नहीं निकाला । श्री राहुल गांधी जी एवं श्रीमती सोनिया गांधी जी को एक रूपये का भी फायदा नही हुआ है, उन्हें राजनीतिक प्रतिशोध के चलते प्रताड़ित किया जा रहा है।यह कि जांच एजेंसी ईडी द्वारा ऐसे मामले में पूछताछ की जा रही है जिसकी कोई एफ आई आर भी नही है, जिसे जांच के बाद स्वयं मोदी सरकार ने तथ्यों के आभाव में समाप्त कर दिया था, लेकिन फिर भी पिछले दो दिनों से राहुल गांधी जी से लगातार पूछताछ की जा रही है।
अतः महामहिम जी से अनुरोध है कि उक्त सभी अरोप बेबुनियाद होने के बाद भी हमारे नेता राहुल गांधी जी पर दबाव बनाने, उनकी छवि धूमिल करने व राजनीतिक प्रतिशोध के कारण, बदले की भावना से केन्द्र की मोदी सरकार के इशारे पर जांच एजेंसी ईडी द्वारा लगातार की जा रही पूछताछ पर रोक लगायी जाय, और यदि ऐसा नही किया गया तो युवा कांग्रेस अनूपपुर, अपने नेता के सम्मान में उग्र आंदोलन करने के लिये बाध्य होगा, जिसकी सम्मपूर्ण जवाबदेही शासन प्रशासन की होगी।

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